पटना:
बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट पर होने वाले आगामी उपचुनाव से पहले सूबे का सियासी पारा अचानक बेहद गरमा गया है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) द्वारा अपने उम्मीदवार के नाम में किए गए अचानक बदलाव और नए प्रत्याशी की घोषणा के बाद राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने एक नया मोर्चा खोल दिया है।
दरअसल, बीजेपी के घोषित उम्मीदवार अभिषेक कुमार बंटी के अचानक नाम वापस लेने के बाद पार्टी ने नीरज सिन्हा को अपना नया प्रत्याशी बनाया है। आरजेडी ने इस घोषणा के तुरंत बाद नीरज सिन्हा की जन्मतिथि (Year of Birth – 1994) को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं और उनकी उम्मीदवारी पर उंगली उठाई है।
“हार की बेचैनी में अनाप-शनाप आरोप” — बीजेपी का पलटवार
आरजेडी के इन हमलों पर बिहार बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने बेहद तीखा और करारा पलटवार किया है। उन्होंने विपक्ष के आरोपों को पूरी तरह सिरे से खारिज करते हुए कहा कि विपक्ष को अभी से अपनी करारी हार का अहसास हो गया है, इसी बेचैनी के चलते वे इस तरह के बेबुनियाद और अनाप-शनाप आरोप लगा रहे हैं।
13 जुलाई को दूध का दूध और पानी का पानी
संजय सरावगी ने स्पष्ट करते हुए कहा कि बीजेपी नियमों के तहत ही चुनाव मैदान में उतरी है। उन्होंने आगे कहा:
“विपक्ष को घबराने की जरूरत नहीं है। आगामी 13 जुलाई को जब नामांकन की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी, तब प्रत्याशी के उम्र से लेकर तमाम शैक्षणिक और अन्य सभी जरूरी दस्तावेज पब्लिक डोमेन में आ जाएंगे। इसके बाद आरजेडी के पास राजनीति करने के लिए कोई मुद्दा नहीं बचेगा।”
बांकीपुर सीट पर हुए इस उलटफेर और आरजेडी द्वारा प्रत्याशी की उम्र को मुद्दा बनाए जाने के बाद इस उपचुनाव की जंग बेहद दिलचस्प हो गई है। राजनीतिक गलियारों में इस बात को लेकर चर्चा तेज है कि क्या बीजेपी के इस नए दांव से विपक्ष की रणनीतियों को झटका लगा है।
मुख्य स्रोत: India.Com – Hindi
