रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति से इस वक्त एक बड़ी खबर सामने आई है। कोमल उपेंडी ने भाजपा की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने अपना त्यागपत्र भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव को भेजा है। इस्तीफे की खबर के बाद प्रदेश की सियासत में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।
कोमल उपेंडी की राजनीतिक पृष्ठभूमि आम आदमी पार्टी से जुड़ी रही है। वह छत्तीसगढ़ में आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी भी संभाल चुके हैं। वर्ष 2024 में उन्होंने आम आदमी पार्टी छोड़कर भाजपा का दामन थामा था। अब करीब दो साल बाद भाजपा की प्राथमिक सदस्यता से उनके इस्तीफे की खबर सामने आई है।
भाजपा से इस्तीफे की वजह अभी साफ नहीं
कोमल उपेंडी ने भाजपा की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा तो दे दिया है, लेकिन इस्तीफा देने की वजह को लेकर फिलहाल उनकी ओर से कोई सार्वजनिक जानकारी सामने नहीं आई है। इसी तरह उनके अगले राजनीतिक कदम को लेकर भी स्थिति स्पष्ट नहीं है।
उनके इस्तीफे के बाद यह सवाल भी उठ रहा है कि वह आगे किस राजनीतिक दिशा में जाएंगे। हालांकि, अभी उनके अगले कदम को लेकर किसी तरह की आधिकारिक घोषणा सामने नहीं आई है।
AAP से भाजपा तक रहा राजनीतिक सफर
कोमल उपेंडी पहले आम आदमी पार्टी में सक्रिय रहे और छत्तीसगढ़ में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाली। वर्ष 2024 में उन्होंने AAP से अलग होकर भाजपा में प्रवेश किया था।
अब भाजपा से भी अलग होने के फैसले के बाद उनके राजनीतिक सफर को लेकर नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं। फिलहाल उनका अगला कदम क्या होगा, इस पर सभी की नजर बनी हुई है।
छत्तीसगढ़ भाजपा संगठन में हाल के दिनों में भी कई संगठनात्मक बदलाव और नियुक्तियां हुई हैं। 23 सितंबर को भाजपा ने छत्तीसगढ़ के लिए स्मृति ईरानी को प्रदेश प्रभारी और सिद्धार्थ शंभू को सह-प्रभारी नियुक्त किया था।
फिलहाल कोमल उपेंडी के इस्तीफे के बाद उनकी आगे की राजनीतिक भूमिका को लेकर तस्वीर साफ नहीं है। उनके अगले फैसले का इंतजार किया जा रहा है।
