मुंबई:
वैश्विक बाजार में कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंचने और पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार गिरावट के साथ बंद हुआ। निवेशकों की बिकवाली के दबाव से बीएसई सेंसेक्स 363.66 अंक (0.47%) टूटकर 76,391.39 पर बंद हुआ, जबकि एनएसई निफ्टी 126.65 अंक (0.53%) फिसलकर 23,869.60 पर आ गया।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, कच्चे तेल की लगातार बढ़ती कीमतों ने महंगाई और भारत के आयात बिल को लेकर निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। पश्चिम एशिया में जारी तनाव से तेल आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका भी बाजार की धारणा पर भारी पड़ी। इसके चलते आईटी, बैंकिंग, फार्मा और कई अन्य प्रमुख सेक्टरों के शेयरों में दबाव देखने को मिला।
विश्लेषकों का कहना है कि यदि ब्रेंट क्रूड 100 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर टिकता है, तो भारतीय बाजारों में निकट भविष्य में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। निवेशकों की नजर अब वैश्विक घटनाक्रम, कच्चे तेल की चाल और कंपनियों के तिमाही नतीजों पर रहेगी, जो बाजार की अगली दिशा तय कर सकते हैं।
मुख्य स्रोत: एशियन न्यूज इंटरनेशनल (ANI)
