नई दिल्ली |
संसद के मानसून सत्र के दौरान लोकसभा में हंगामा और कड़ा एक्शन देखने को मिला है। तृणमूल कांग्रेस (TMC) के वरिष्ठ सांसद कल्याण बनर्जी को संसद की गरिमा को ठेस पहुँचाने के आरोप में मानसून सत्र की शेष पूरी अवधि के लिए लोकसभा से निलंबित कर दिया गया है।
क्या है पूरा मामला?
कल्याण बनर्जी पर आरोप है कि उन्होंने सदन में चर्चा के दौरान महिला सांसदों के खिलाफ आपत्तिजनक और अमर्यादित भाषा का इस्तेमाल किया।
- पीठासीन अधिकारी की टिप्पणी: दोपहर में जब सदन की कार्यवाही दोबारा शुरू हुई, तो पीठासीन अधिकारी ने इस मामले का विशेष रूप से उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि TMC सांसद द्वारा की गई टिप्पणी से सदन की गरिमा और मर्यादा को गहरा आघात पहुँचा है।
- सदन में प्रस्ताव: मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने कल्याण बनर्जी को सत्र की शेष अवधि के लिए निलंबित करने का औपचारिक प्रस्ताव रखा।
ध्वनि मत से पास हुआ प्रस्ताव
सदन में रखे गए इस प्रस्ताव को ध्वनि मत (Voice Vote) से तुरंत मंजूरी दे दी गई। प्रस्ताव पारित होते ही पीठासीन अधिकारी ने कल्याण बनर्जी को बिना किसी देरी के सदन से बाहर जाने के निर्देश दिए।
इस कार्रवाई के बाद संसद परिसर में राजनीतिक पारा और चढ़ गया है, वहीं सत्ता पक्ष ने इसे सदन के अनुशासन और महिला सांसदों के सम्मान की दिशा में आवश्यक कदम बताया है।
मुख्य स्रोत: India.Com – Hindi
