नई दिल्ली: संसद के मानसून सत्र के दौरान छात्रों पर कथित पुलिस कार्रवाई को लेकर सियासी घमासान और तेज हो गया। कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों के साथ हुई कथित पुलिस कार्रवाई की जिम्मेदारी तय होनी चाहिए और इस मामले में सरकार जवाब दे।
राज्यसभा में चर्चा के दौरान खड़गे ने आरोप लगाया कि देश के विश्वविद्यालयों और शैक्षणिक संस्थानों में आरएसएस से जुड़े लोगों का प्रभाव बढ़ाया जा रहा है। उनके अनुसार, शिक्षा व्यवस्था को राजनीतिक प्रभाव से मुक्त रखा जाना चाहिए और छात्रों की आवाज को दबाने के बजाय उनकी समस्याओं का समाधान किया जाना चाहिए। ये दावे खड़गे के राजनीतिक आरोप हैं और सरकार की ओर से इन आरोपों पर अलग रुख रखा गया है।
खड़गे ने कहा कि यदि छात्रों के खिलाफ पुलिस द्वारा अनुचित बल प्रयोग हुआ है, तो इसकी निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने संसद में इस मुद्दे पर विस्तृत चर्चा की भी मांग की।
इस मुद्दे को लेकर संसद में विपक्ष ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। विपक्षी दलों ने सरकार से जवाबदेही तय करने और गृह मंत्री से सदन में बयान देने की मांग की, जबकि सत्ता पक्ष ने विपक्ष के आरोपों का विरोध किया। छात्रों के प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई का मुद्दा संसद के मौजूदा सत्र में प्रमुख राजनीतिक बहस का विषय बना हुआ है।
मुख्य स्रोत: एशियन न्यूज इंटरनेशनल (ANI)
