कोलकाता/नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल की राजनीति में गानों और नारों का वार-पलटवार एक बार फिर चरम पर है! हाल ही में हुए चुनावों में ममता बनर्जी के हाथ से सत्ता छिनने और बीजेपी की प्रचंड जीत (207 सीटें) के बाद बंगाल का माहौल पूरी तरह बदल चुका है।
अब चुनाव प्रचार के दौरान ‘तुष्टिकरण’ के आरोपों में घिरीं टीएमसी (TMC) सांसद सायोनी घोष को बीजेपी समर्थकों ने उन्हीं की भाषा में ऐसा करारा जवाब दिया है, जो सोशल मीडिया पर आग की तरह वायरल हो रहा है।
🎤 क्या था सायोनी घोष का वो विवादित गाना?
पश्चिम बंगाल चुनाव प्रचार के दौरान टीएमसी का प्रमुख चेहरा रहीं सायोनी घोष का एक वीडियो खूब वायरल हुआ था, जिसमें उन्होंने एक धार्मिक मंच से गाया था:
“दिल में काबा और आँखों में मदीना…”
इस गाने के बाद बीजेपी ने ममता सरकार पर तुष्टिकरण की राजनीति करने के गंभीर आरोप लगाए थे और बंगाल की जनता के बीच इसे लेकर भारी आक्रोश देखा गया था।
🔥 …और अब बीजेपी समर्थक ने मंच से दिया ‘धांसू’ जवाब!
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर इस समय एक वीडियो तहलका मचा रहा है। बंगाल की जानी-मानी एक्टिविस्ट सुनंदा आचार्य द्वारा शेयर किए गए इस वीडियो में, बीजेपी की एक रैली के दौरान (जहाँ शुभेंदु अधिकारी के पोस्टर्स लगे हैं) एक महिला समर्थक ने सायोनी घोष को चिढ़ाते हुए हुंकार भरी:
🎵 “हृदय में हैं राम, नयन में कृष्ण…”
जैसे ही यह गाना गाया गया, रैली में मौजूद भीड़ ‘जय श्री राम’ के नारों से गूंज उठी। सोशल मीडिया पर लोग लिख रहे हैं— “इसे कहते हैं जैसे को तैसा! अब बंगाल में राम राज्य आ चुका है।” सायोनी घोष को अब नेटिजन्स बुरी तरह ट्रोल कर रहे हैं और उनके बॉयकॉट की मांग उठ रही है।
⚡ बड़ा धमाका: क्या टूटने की कगार पर है ममता की TMC?
इस गाने के विवाद के बीच बीजेपी के वरिष्ठ नेता और 3 बार के लोकसभा सांसद सौमित्र खान ने एक ऐसा दावा कर दिया है जिससे टीएमसी खेमे में भूकंप आ गया है।
20 सांसद पाला बदलने को तैयार? सौमित्र खान का दावा है कि तृणमूल कांग्रेस के करीब 20 सांसद सीधे भाजपा के संपर्क में हैं। जैसे ही दिल्ली से हरी झंडी मिलेगी, वे पार्टी छोड़ देंगे।
पूरी पार्टी हो जाएगी साफ़: खान ने चुनौती देते हुए कहा, “अगर भाजपा नेतृत्व चाहे, तो अगले कुछ ही दिनों में पूरी तृणमूल कांग्रेस का वजूद समाप्त हो सकता है।”
📌 कानूनी पेंच: दल-बदल विरोधी कानून से बचने के लिए लोकसभा में टीएमसी के 29 सांसदों में से कम से कम दो-तिहाई (यानी 19-20 सांसद) का एक साथ टूटना जरूरी है, और बीजेपी का दावा ठीक इसी आंकड़े पर है!
🛡️ TMC का पलटवार: ‘सब सरासर झूठ है’
दूसरी तरफ, टीएमसी के वरिष्ठ सांसद सौगत राय ने इन दावों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि बीजेपी जो कुछ भी परोस रही है, वह सरासर झूठ और बेबुनियाद है। टीएमसी का कोई भी सांसद कहीं नहीं जा रहा है।
