नई दिल्ली:
संसद में सरकार और विपक्ष के बीच बना गतिरोध आखिरकार खत्म हो गया है। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की सार्थक पहल और मध्यस्थता के बाद सभी राजनीतिक दल ‘सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक 2026’ (एंटी पेपर लीक बिल) पर चर्चा के लिए सहमत हो गए हैं। इस महत्वपूर्ण विधेयक पर अब कल, यानी 28 जुलाई को लोकसभा में विस्तृत चर्चा होगी, जिसके बाद वोटिंग कराई जाएगी।
सर्वदलीय सहमति से निकला समाधान
सदन में जारी हंगामे को समाप्त करने के लिए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सभी प्रमुख राजनीतिक दलों के फ्लोर लीडर्स (Floor Leaders) के साथ बैठक की। बातचीत के दौरान स्पीकर ने देश के करोड़ों युवाओं के भविष्य और भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता का हवाला देते हुए बिल पर सकारात्मक चर्चा कराने की अपील की, जिस पर विपक्ष और सत्तापक्ष दोनों ने सहमति जताई।
करोड़ों युवाओं के भविष्य से जुड़ा है बिल
देश भर में प्रतियोगी और भर्ती परीक्षाओं में होने वाली धांधली व पेपर लीक की घटनाओं को रोकने के लिए यह कानून बेहद अहम माना जा रहा है। बिल पर सहमति बनने से अब संसद में युवाओं के भविष्य, पारदर्शी परीक्षा प्रणाली और सख्त सजा के प्रावधानों पर विस्तृत बहस का रास्ता साफ हो गया है।
मुख्य स्रोत: India.Com – Hindi
