परभणी। महाराष्ट्र के परभणी जिले से एक दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है। जिले के यशवाड़ी गांव स्थित एक हनुमान मंदिर में धार्मिक कार्यक्रम के दौरान छत का हिस्सा अचानक ढह गया, जिससे कई श्रद्धालु मलबे में दब गए। इस हादसे में अब तक छह लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि कई अन्य घायल बताए जा रहे हैं। प्रशासन को आशंका है कि कुछ लोग अब भी मलबे के नीचे फंसे हो सकते हैं।
हादसे के समय मंदिर में मौजूद थे बड़ी संख्या में श्रद्धालु
स्थानीय लोगों के मुताबिक, मंदिर परिसर में पूजा-अर्चना और धार्मिक आयोजन चल रहा था। कार्यक्रम में शामिल होने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचे थे। इसी दौरान मंदिर की छत का एक हिस्सा अचानक भरभराकर गिर पड़ा।
- धार्मिक आयोजन के दौरान हुआ हादसा।
- छत गिरने से कई श्रद्धालु मलबे में दबे।
- 6 लोगों की मौत की पुष्टि।
- कई श्रद्धालु घायल, कुछ की हालत गंभीर।
मची अफरा-तफरी, ग्रामीणों ने शुरू किया राहत कार्य
छत गिरते ही मंदिर परिसर में चीख-पुकार और अफरा-तफरी का माहौल बन गया। आसपास मौजूद ग्रामीण और श्रद्धालु तुरंत मदद के लिए आगे आए और मलबे में दबे लोगों को निकालने का प्रयास शुरू किया।
- स्थानीय ग्रामीणों ने सबसे पहले संभाला मोर्चा।
- सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन मौके पर पहुंचा।
- आपदा प्रबंधन दल को भी राहत कार्य में लगाया गया।
- जेसीबी मशीनों की मदद से मलबा हटाया जा रहा है।
घायलों का अस्पताल में इलाज जारी
हादसे में घायल हुए लोगों को तत्काल नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही है। कुछ घायलों की स्थिति गंभीर बताई जा रही है, जिससे मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका भी जताई जा रही है।
- कई घायलों का उपचार जारी।
- गंभीर रूप से घायल मरीजों पर विशेष निगरानी।
- जरूरत पड़ने पर अन्य अस्पतालों में रेफर करने की तैयारी।
जांच के आदेश, निर्माण गुणवत्ता पर उठे सवाल
घटना के बाद जिला प्रशासन ने हादसे की जांच के आदेश दे दिए हैं। शुरुआती तौर पर मंदिर की संरचनात्मक मजबूती और रखरखाव को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। जांच टीम यह पता लगाएगी कि हादसा जर्जर ढांचे, निर्माण संबंधी खामी या किसी अन्य वजह से हुआ।
पूरे इलाके में शोक की लहर
इस हादसे के बाद यशवाड़ी गांव और आसपास के क्षेत्रों में शोक का माहौल है। स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों ने पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है और हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया है।
