नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का प्रदर्शन लगातार जारी है। प्रदर्शन के बीच पिछले 11 दिनों से आमरण अनशन पर बैठे शिक्षाविद और पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की तबीयत लगातार बिगड़ती जा रही है। डॉक्टरों के अनुसार, लंबे समय से भोजन न लेने के कारण उनका वजन 7 किलो से अधिक घट चुका है और उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर मेडिकल टीम लगातार नजर बनाए हुए है।
जानकारी के मुताबिक, जंतर-मंतर पर CJP का प्रदर्शन अब 19वें दिन में प्रवेश कर चुका है। प्रदर्शनकारी कथित परीक्षा अनियमितताओं के मामले में केंद्र सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की है। उनका आरोप है कि परीक्षा से जुड़े मामलों में सरकार संतोषजनक जवाब देने में विफल रही है। प्रदर्शनकारी चाहते हैं कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और छात्रों के हितों की रक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।
इधर, डॉक्टरों ने सोनम वांगचुक की बिगड़ती सेहत को लेकर चिंता जताई है। मेडिकल टीम नियमित रूप से उनका स्वास्थ्य परीक्षण कर रही है। लंबे समय तक चले आमरण अनशन के कारण उनके शरीर पर इसका असर साफ दिखाई दे रहा है। डॉक्टरों ने बताया कि उनका वजन 7 किलो से अधिक कम हो चुका है और स्वास्थ्य संबंधी सभी महत्वपूर्ण संकेतकों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
प्रदर्शन स्थल पर बड़ी संख्या में समर्थक और सामाजिक कार्यकर्ता भी मौजूद हैं, जो आंदोलन को अपना समर्थन दे रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर सरकार की ओर से ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।
फिलहाल सरकार की ओर से इस प्रदर्शन और प्रदर्शनकारियों की मांगों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। वहीं, सोनम वांगचुक की बिगड़ती सेहत को देखते हुए उनके समर्थकों और शुभचिंतकों में चिंता बढ़ती जा रही है।
